कब है चैत्र नवरात्री 2024?कैसे करें कलश स्थापना और चैत्र नवरात्री से जुड़ और जानकारी!!

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Chaitra Navratri 2024 : कब है चैत्र नवरात्री 2024?कैसे करें कलश स्थापना और चैत्र नवरात्री से जुड़ और जानकारी!!

Chaitra Navratri 2024 : क्या है चैत्र नवरात्रि का अर्थ!!

साल 2024 में चैत्र नवरात्र का आरंभ 8 अप्रैल 2024 से हो रहा है. हिंदू पंचांग में पूरे साल में 4 बार नवरात्रि आती है. जिसमें 2 चैत्र और शारदीय नवरात्रि होती है और दो गुप्त नवरात्रि होती है. जो कि गृहस्थ लोग नहीं करते हैं.

नवरात्रि के दौरान मां दुर्गा के 9 रूपों की पूजा विधि विधान से की जाती है. पूरे 9 दिनों तक कलश स्थापना के साथ ही दुर्गा सप्शती और नवदुर्गा का पाठ होता है. नवरात्रि में मां के नौ स्वरूप- शैलपुत्री, ब्रह्मचारिणी,चंद्रघंटा,कुष्मांडा, स्कंदमाता, कात्यायनी, कालरात्रि, महागौरी और सिद्धिदात्री की पूजा की जाती है.

Chaitra Navratri 2024 : चैत्र नवरात्रि 2024 तिथि और कलश स्थापना मुहूर्त!!

चैत्र मास की प्रतिपदा तिथि 8 अप्रैल 2024 को रात 11 बजकर 50 मिनट से आरंभ हो रही है. घटस्थापना को सुबह 6 बजकर 11 मिनट से 10 बजकर 23 मिनट तक किया जा सकता है. साथ ही अभिजीत मुहूर्त 9 मार्च को दोपहर 12 बजकर 03 मिनट से 12 बजकर 54 मिनट तक रहेगा. इस दौरान भी घट स्थापना की जा सकती है.

Chaitra Navratri 2024 : चैत्र नवरात्रि 2024 कैलैंडर!!

  1. पहली चैत्र नवरात्रि – 09 अप्रैल 2024, मंगलवार- मां शैलपुत्री पूजा, घटस्थापना
  2. दूसरी चैत्र नवरात्रि (10 अप्रैल 2024, बुधवार)- मां ब्रह्मचारिणी पूजा
  3. तीसरी चैत्र नवरात्रि (11 अप्रैल 2024, गुरुवार)- मां चंद्रघंटा पूजा
  4. चौथी चैत्र नवरात्रि (12 अप्रैल 2024, शुक्रवार)- मां कुष्मांडा पूजा
  5. पांचवीं चैत्र नवरात्रि(13 अप्रैल 2024, शनिवार)- मां स्कंदमाता पूजा
  6. छठी चैत्र नवरात्रि(14 अप्रैल 2024, रविवार)- मां कात्यायनी पूजा
  7. सातवीं चैत्र नवरात्रि(15 अप्रैल 2024, सोमवार)- मां कालरात्रि पूजा
  8. आठवीं चैत्र नवरात्रि (16 अप्रैल 2024, मंगलवार)- मां महागौरी पूजा और दुर्गा महा अष्टमी पूजा
  9. नौवीं चैत्र नवरात्रि(17 अप्रैल 2024, बुधवार)- मां सिद्धिदात्री पूजा, महा नवमी और रामनवमी
  10. दसवीं दिन नवरात्रि (18 अप्रैल 2024, गुरुवार)- दुर्गा प्रतिमा विसर्जन

Chaitra Navratri 2024 : चैत्र नवरात्रि 2024 महत्व!!

साल 2024 की चैत्र नवरात्रि पर मां दुर्गा घोड़े पर सवार होकर आने वाली है. जो सत्ता परिवर्तन का संकेत है. चैत्र नवरात्रि मंगलवार के दिन से शुरू हो रहे हैं. माना जाता है कि  नौ दिनों की इस नवरात्रि के दिन मां दुर्गा के नौ रूपों की विधिवत पूजा से हर कामना पूरी होती है और सुख समृद्धि प्राप्त होती है.

Chaitra Navratri 2024 :नवरात्रि व्रत के नियम!!

दोस्तों माता रानी के इन 9 दिनों के व्रत पूजा पाठ के कुछ नियम होते हैं जिनके बारे में यदि पूर्ण जानकारी नहीं हो तो हम संपूर्ण फल की प्राप्ति नहीं कर सकते इसलिए हमें कुछ नियमों का पालन अवश्य करना चाहिए ताकि हमें माता रानी के व्रत से संपूर्ण फल की प्राप्ति हो सके

  • नवरात्रि के दौरान मांस मदिरा का सेवन नहीं करना चाहिए
  • यदि अपने घर में अखंड ज्योत जलाई है तो घर को खाली नहीं छोड़ना चाहिए
  • प्याज लहसुन का प्रयोग नहीं करना चाहिए
  • साफ और स्वच्छ कपड़े पहनना चाहिए
  • नवरात्रि के दिनों में किसी से लड़ाई झगड़ा भी नहीं करना चाहिए
  • किसी भी स्त्री का अपमान तो बिल्कुल भी ना करें
  • ब्रह्मचर्य का पालन करना चाहिए
  • इस व्रत में अपने मन को शांत करके अधिक से अधिक माता का ध्यान करना चाहिए

 

Chaitra Navratri 2024 :नवरात्रि व्रत के महत्वपूर्ण सुझाव!

  • व्रत का पालन करें: नवरात्रि के दौरान व्रत का पालन करना महत्वपूर्ण है। यह आपके आत्मा को शुद्ध करने में मदद करता है।
  • सेवा करें: दुर्गा माता के पूजन के साथ-साथ, आपको सेवा करना भी जरूरी है। अपने समाज में सेवा करना नवरात्रि के महत्वपूर्ण भाग है।
  • ध्यान करें: इस अवसर पर ध्यान और मेधाशक्ति की प्राप्ति के लिए समय निकालें।

Chaitra Navratri 2024 : नवरात्रि की पूजा विधि!!

नवरात्रि के दौरान, हम दुर्गा माता के रूपों की पूजा और उपासना करते हैं। आइए जानते हैं नवरात्रि की पूजा कैसे की जाती है:

  • सबसे पहले, ध्यान का स्थान तैयार करें। सजावट से भरपूर और शुद्धता का ध्यान रखें।
  • पूजा के लिए माता दुर्गा की मूर्ति या चित्र को स्थान दें।
  • पूजा की शुरुआत मंगल कलश के साथ करें।
  • माता के नौ रूपों की पूजा के बाद, कुमारिका पूजन करें।
  • आरती के बाद, प्रसाद बांटें और पूजा का पालन करें।

Chaitra Navratri 2024 : चैत्र नवरात्रि में करें ये उपाय!!

  1. गंगाजल का छिड़काव

मान्यताओं के मुताबिक नवरात्रि के दौरान 9 दिनों तक देवी दुर्गा का वास पृथ्वी पर होता है। इसलिए नवरात्रि के दौरान घर की साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें और पूरे घर में गंगाजल छिड़कें। इससे घर से नकारात्मक शक्तियां दूर होती हैं और आर्थिक समृद्धि आती है।

  1. शुभ कार्यों की शुरुआत

नवरात्रि के दौरान मां दुर्गा का भक्तों पर विशेष आशीर्वाद रहता है। इसलिए इन 9 दिनों में कोई भी शुभ कार्य शुरु कर सकते हैं। इससे आपको अपने कार्य में जल्द सफलता मिलेगी। ध्यान रखें कि नवरात्रि के दौरान मां दुर्गा की पूजा-आराधना करने से पहले भगवान गणेश की पूजा जरूर करें। इससे शुभ फलों की प्राप्ति होती है।

  1. तुलसी का पौधा

हिंदू धर्म में तुलसी के पौधे को बहुत ही पवित्र माना जाता है। इसलिए नवरात्रि के दौरान घर में तुलसी का पौधा लगाएं। इससे जीवन में सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त होगी और सभी मनोकामनाएं पूरी होंगी। किसी खास मनोकामना के लिए तुलसी के पौधे के पास एक सिक्के को रख दें।

  1. कलश स्थापना

नवरात्रि के दिनों में पति-पत्नी दोनों को एक साथ कलश स्थापना करनी चाहिए। इससे वैवाहिक जीवन में प्रगाढ़ता आती है और माता का आशीर्वाद बना रहता है। साथ ही घर के बाहर स्वस्तिक का निशान बनाएं। इससे संबंधों में मधुरता और मजबूती आएगी।

  1. आर्थिक संपन्नता के उपाय

नवरात्रि के दिनों में आटे की लोई बनाकर बहते हुए जल में प्रवाहित कर दें। इससे कर्ज का बोझ कम होता है और जीवन में संपन्नता आने लगती है। वहीं नौकरी में प्रमोशन और कारोबार में सफलता के लिए नवरात्रि के दिनों में रोजाना पान का एक बीड़ा देवी दुर्गा के मंदिर में अर्पित करें।

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